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सोमवार, 29 सितंबर 2025

औली और मौली की बागवानी :अंजू जैन गुप्ता

 



 औली और मौली दोनों सहेलियाँ थीं और एक ही कक्षा में पढ़ती थीं। वे दोनों चौथी कक्षा में पढ़ती थीं। औली को पौधें लगाने का बहुत शौक था वह अपनी मम्मी की पौधों की देखरेख करने में भी मदद करती थी। वह मम्मी को मिट्टी खोदने के

औज़ार भी पकड़ा देती थी।

किंतु मौली इसके बिल्कुल विपरीत थी उसे बिल्कुल भी शौक नहीं था वह पौधों का ध्यान भी नहीं रखती थी। औली के बगीचे में लौकी और पालक लगी हुई थी। वह सारी सब्जियाँ खुश होकर खाती थी।एक दिन औली स्कूल में पालक की सब्जी और लौकी का हलवा लेकर जाती हैं वह मौली को कहती है, मौली तुम भी आज पालक की सब्जी और लौकी का हलवा खाकर देखो कितना स्वादिष्ट है । परंतु मौली कहती है नहीं नहीं, मुझे नहीं खानी ये सब्जियाँ मैं तो अपना सैंडविच ही खाऊँगी तुम ही खाओ ये सब्जियाँ बेकार सी। औली मौली की बात सुनकर उसे समझाती है और कहती है मौली ये सब्जियाँ बेकार नहीं होती है इनमें बहुत ताकत होती है ये तो हमें बीमारियों से बचाती है। लौकी में आयरन , फाइबर ,विटामिन सी और मैग्नीशियम होता है जो हमें दिल कि बीमारियों से और कब्ज से बचाती है। मौली मौन होकर औली की बात सुन रही थी। फिर औली कहती हैं कि पालक में भी आयरन सबसे ज्यादा होता है। जो हमे खून की कमी (एनीमिया की बीमारी) से बचाती है इसमें विटामिन ए ,मैग्नीशियम आदि होते हैं। ये दोनों ही हमारी immunity को बढ़ाती है और हमे बीमार होने से रोकती हैं। इतना सुनते ही मौली कहती है जो भी हो मेरा तो सैंडविच ही अच्छा है। दोनों अपना अपना खाना खा लेती हैं। दो दिन हो जाते है मौली स्कूल नहीं आती अब औली परेशान हो जाती है यह सोचकर कि मौली स्कूल क्यों नहीं आ रही है। औली स्कूल से दौड़ी दौड़ी घर पहुँचती है और अपनी मम्मी को आवाज़ लगाती है मम्मी मम्मी आप कहाँ हो? जल्दी से आओ ना और मुझे मौली के घर ले चलो उससे मिलना है मौली दो दिन से स्कूल नहीं आ रही है, पता नहीं उसे क्या हुआ? कही उसकी तबीयत तो खराब नहीं हो गयी है! औली की मम्मी फोन पर किसी औरत से बात कर कर रही थी वह औली की बात सुनकर जल्दी से फोन बंद कर देती है और औली के साथ मौली के घर चली जाती हैं। मौली के घर जाकर देखते हैं वहाँ मौली बिस्तर पर लेटी हुई औषधि खा रही होती है। औली मौली को बीमार देखती है तो उसे अच्छा नहीं लगता वह कहती है देखा मौली तुम सब्जियाँ नहीं खाती हो इसलिए तुम्हारी immunity भी बहुत कम है तुम बार बार बीमार हो जाती हो।

औली की बात सुनकर मौली रोने लगती है और कहती है हाँ हाँ औली तुम सही कह रही हो हमे सब्जियाँ खानी चाहिए। देखो ना डॉक्टर ने मुझे चॉकलेट, आइसक्रीम , पिज्जा और candies सब खाने के लिए मना किया है और ये कड़वी दवाइयाँ खाने के लिए दी है। डॉक्टर अंकल ने भी यही कहा है कि मेरी immunity बहुत कम है इसलिए मैं बार - बार बीमार हो जाती हूँ। इतना कहकर वह फिर से रोने लगती है।

औली उसे कहती है मौली कोई बात नही तुम लौकी,पालक और बाकी भी

सारी सब्जियाँ खाना शुरू कर दो तुम देखना फिर तुम जल्दी से ठीक हो जाओगी। और फिर हम पिज्जा और आइसक्रीम पार्टी भी करेगें। मौली तभी अपनी मम्मी से कहती है मम्मी मम्मी जल्दी से मेरे लिए सब्जियों का सूप ले आओ मैं पी लूँगी। मौली जल्दी से सारा सूप पी लेती है।

मौली की मम्मी कहती है अच्छा हुआ औली तुम घर गई

मौली कहती है हाँ हाँ औली मम्मी ठीक कह रही हैं देखो तुम्हारे आने से मैं सब्जियाँ भी खाने लगी हूँ। अब मैं जल्दी से ठीक होने जाओगी।

कुछ देर बाद औली की मम्मी मौली से कहती है मौली तुम अपना ध्यान रखना अब हम घर चलते हैं फिर मिलेंगे। मौली भी अपना सिर हिला कर कहती हैं ok आंटी bye bye। और मौली औली को भी bye करती है।



अंजू जैन गुप्ता


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